हिंदी कविताएँ

न रुकने देना कदम (कविता)

न हौसले रुके कभी न सपने हो आंखों से नम लड जाना हर तूफ़ान से न रूकने देना कदम मेहनतकश है मेहनत ही हो करम छीन ले जिदगीं से ख्वाब किस्मत से मेहनत की हो जंग जंग भले ही मुश्किल हो हो भले ही कठिन सफर पर मुश्किल से डरकर Read more…

www.justhappyminds.com
हिंदी कविताएँ

मेरा गांव बदल सा गया है। (Hindi Poem)

मै ढूंढती हुँ मेरा खेत लहराती फसलें मिट्टी की महकती खुशबू खिलते फूल मै ढूंढती हुँ मां के हाथ की सुखी रोटी खेत के करीब बहते झरने का पानी मैं ढूंढती हुँ बिना मिलावट ताजे फल तारो से झिलमिलाता आसमां शुद्ध स्वस्थ हवाएँ मै ढूंढती हुँ वो पत्थर की गिट्टी Read more…

%d bloggers like this: